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CG Vyapam Exam: व्यापमं परीक्षा प्रश्नपत्र में ‘नाउ’ शब्द पर विवाद, सेन समाज ने जताया कड़ा विरोध

छत्तीसगढ़ व्यापमं की परीक्षा में 'नाउ' शब्द के प्रयोग पर सेन समाज ने कड़ी आपत्ति जताते हुए ज्ञापन सौंपा है और प्राधिकारी से सुधारात्मक कार्रवाई की मांग की है।



रायपुर, 23 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) द्वारा आयोजित प्रतियोगी परीक्षा के प्रश्नपत्र में प्रयुक्त एक शब्द को लेकर पूरे प्रदेश में विवाद खड़ा हो गया है। प्रश्नपत्र में एक लोकोक्ति आधारित प्रश्न में ‘नाउ’ शब्द का प्रयोग किया गया है, जिस पर सेन समाज ने कड़ा ऐतराज जताया है। रायपुर समेत प्रदेश के कई जिलों में समाज के प्रतिनिधियों ने एकत्र होकर प्रदर्शन किया और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। सेन समाज महिला प्रकोष्ठ गुरूर ब्लॉक की सचिव ममता सेन ने इस मामले पर संबंधित परीक्षा प्राधिकारी से तत्काल संज्ञान लेने की मांग की है।

सेन समाज के पदाधिकारियों के अनुसार उनकी सामाजिक और पारंपरिक पहचान के लिए ‘नाई’ शब्द ही पूरी तरह से स्वीकृत और प्रचलित है। प्रतियोगी परीक्षा के आधिकारिक प्रश्नपत्र में समाज के संदर्भ में ‘नाउ’ शब्द का उल्लेख करना अनुचित है। ममता सेन ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लाखों अभ्यर्थियों तक पहुंचते हैं। किसी भी समुदाय से जुड़ी शब्दावली का चयन करते समय उसके प्रचलित नाम और सामाजिक स्वीकार्यता का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए।

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विरोध दर्ज कराते हुए समाज के प्रतिनिधियों ने ज्ञापन के माध्यम से व्यापमं प्रशासन से इस संबंध में लिखित स्पष्टीकरण जारी करने की मांग की है। इसके साथ ही भविष्य की परीक्षाओं के लिए नियमानुसार आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने का आग्रह किया गया है। ज्ञापन सौंपने पहुंचे प्रतिनिधिमंडलों को प्रशासनिक अधिकारियों ने मामले में नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिया है।

Input Desk

ऋचा सहाय — पत्रकारिता और न्याय जगत की एक सशक्त आवाज़, जिनका अनुभव दोनों क्षेत्रों में अद्वितीय है। वर्तमान में The 4th Pillar की वरिष्ठ समाचार संपादक के रूप में कार्यरत ऋचा सहाय दशकों से राजनीति, समाज, खेल, व्यापार और क्राइम जैसी विविध विषयों पर बेबाक, तथ्यपूर्ण और संवेदनशील लेखन के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी की सबसे खास बात है – जटिल मुद्दों को सरल, सुबोध भाषा में इस तरह प्रस्तुत करना कि पाठक हर पहलू को सहजता से समझ सकें।पत्रकारिता के साथ-साथ ऋचा सहाय एक प्रतिष्ठित वकील भी हैं। LLB और MA Political Science की डिग्री के साथ, उन्होंने क्राइम मामलों में गहरी न्यायिक समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण स्थापित किया है। उनके अनुभव की गहराई न केवल अदालतों की बहसों में दिखाई देती है, बल्कि पत्रकारिता में उनके दृष्टिकोण को भी प्रभावशाली बनाती है।दोनों क्षेत्रों में वर्षों की तपस्या और सेवा ने ऋचा सहाय को एक ऐसा व्यक्तित्व बना दिया है जो ज्ञान, निडरता और संवेदनशीलता का प्रेरक संगम है।

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