‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ के साथ कांग्रेस ने घेरी विधानसभा; साय सरकार के खिलाफ विपक्षी दिग्गजों ने खोला मोर्चा
भारत माता चौक से विधानसभा तक गूंजा 'नरेगा' और 'किसान न्याय' का नारा।

रायपुर । छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर आज उस समय राजनीतिक सरगर्मी का केंद्र बन गई, जब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर हजारों कार्यकर्ताओं ने ‘ऐतिहासिक विधानसभा घेराव’ किया। मनरेगा कानून में बदलाव, बिजली दरों में वृद्धि, किसानों के साथ वादाखिलाफी और प्रदेश में बढ़ते नशे के कारोबार जैसे गंभीर मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने सीधे सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
दोपहर से ही प्रदेश के कोने-कोने से आए हजारों कांग्रेस कार्यकर्ता भारत माता चौक पर एकत्रित होने लगे। यहाँ से गाजे-बाजे और नारों के साथ कार्यकर्ताओं ने विधानसभा की ओर कूच किया। प्रदर्शन का नेतृत्व प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट, पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित पार्टी के शीर्ष नेताओं ने किया।
सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय महासचिव सचिन पायलट ने केंद्र सरकार की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “सोनिया गांधी और डॉ. मनमोहन सिंह ने गरीबों को ‘रोजगार का अधिकार’ दिया था, जिसे मोदी सरकार अब राज्यों पर आर्थिक बोझ डालकर और नियमों को जटिल बनाकर खत्म करना चाहती है।” उन्होंने विदेश नीति और किसानों के साथ हुए धोखे को लेकर भी कड़ा प्रहार किया।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने साय सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि आज प्रदेश में गैस सिलेंडर की किल्लत है और कीमतें आसमान छू रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार की नाक के नीचे अफीम की खेती और नशे का कारोबार फल-फूल रहा है, जिसमें सत्ता पक्ष के लोग ही संलिप्त पाए जा रहे हैं।
पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता बिजली बिल हाफ योजना बंद होने और महतारी वंदन के नाम पर की जा रही अवैध वसूली से त्रस्त है। वहीं, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस गांधीवादी विचारधारा के साथ गरीबों, मजदूरों और किसानों के स्वाभिमान की लड़ाई अंतिम सांस तक लड़ेगी।
इस विशाल विरोध प्रदर्शन में पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू, एआईसीसी सचिव एस संपत कुमार, जरिता लैतफ्लांग, विजय जांगिड़, धनेंद्र साहू, डॉ. शिवकुमार डहरिया सहित विधायकगण और वरिष्ठ पदाधिकारी बड़ी संख्या में शामिल हुए। कार्यक्रम का सफल संचालन मलकीत सिंह गैदू ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन रायपुर शहर अध्यक्ष श्रीकुमार मेनन द्वारा किया गया।



