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विधायक डॉ. संपत अग्रवाल की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न होगा चतुर्थ वार्षिक महोत्सव, भव्य शिव बारात और म्यूजिकल फेरे होंगे मुख्य आकर्षण

बसना के आदियोगी मंदिर में महाशिवरात्रि की धूम,सुमित और सोनिया अग्रवाल रचेंगे शिव-पार्वती का दिव्य स्वरूप





बसना । आस्था और भक्ति के पावन पर्व महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में इस वर्ष नगर के आदियोगी शिव मंदिर में अभूतपूर्व धार्मिक उत्सव की तैयारियाँ पूर्ण कर ली गई हैं। मंदिर समिति के पदाधिकारियों की देखरेख में आयोजित यह चतुर्थ वार्षिक महोत्सव न केवल बसना बल्कि संपूर्ण क्षेत्र के लिए सांस्कृतिक एकता और अटूट श्रद्धा का प्रतीक बन चुका है।

समिति से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस भव्य आयोजन का शुभारंभ 14 फरवरी को पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ होगा। उत्सव की शुरुआत ‘भोले बाबा’ के तेल-हल्दी अनुष्ठान से होगी। वार्ड क्रमांक 10, गौरा चोरा से चुलमाटी लेकर एक भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जो भजन-कीर्तन के मंगल स्वर के साथ आदियोगी मंदिर पहुँचेगी।

महोत्सव का मुख्य आकर्षण महाशिवरात्रि के दिन निकलने वाली ‘शिव बारात’ होगी। यह बारात शाम 6:00 बजे बंसुला स्थित सिद्धेश्वर शिव मंदिर से प्रस्थान करेगी। बारात में भिलाई का प्रसिद्ध पारंपरिक धुमाल दल, ओडिशा के विशिष्ट वाद्य यंत्र, आकर्षक झांकियां और दुलदुली बाजा मुख्य आकर्षण होंगे। भव्य आतिशबाजी के बीच श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर होंगे।

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इस वर्ष के आयोजन की विशिष्टता यह है कि क्षेत्रीय विधायक डॉ. संपत अग्रवाल स्वयं इस धार्मिक उत्सव का अभिन्न हिस्सा बनेंगे। शिव-पार्वती विवाह के पावन प्रसंग में डॉ. अग्रवाल के साथ उनके सुपुत्र सुमित अग्रवाल एवं सोनिया अग्रवाल भी सम्मिलित होकर अनुष्ठान को पूर्ण करेंगे।

विधायक डॉ. संपत अग्रवाल ने क्षेत्रवासियों को महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा और समरसता का संचार करते हैं। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से इस दिव्य विवाह उत्सव में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर पुण्य लाभ लेने की अपील की है।

स्थानीय आध्यात्मिक महोत्सव के अंतर्गत इस बार एक अत्यंत मनमोहक और अलौकिक दृश्य देखने को मिलेगा। शहर के प्रतिष्ठित व्यक्तित्व सुमित अग्रवाल और उनकी धर्मपत्नी सोनिया अग्रवाल आगामी शुभ अवसर पर साक्षात भगवान शिव और माता पार्वती के रूप में नज़र आएंगे।

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इस अवसर पर अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए सुमित अग्रवाल ने कहा कि यह मेरे और मेरी अर्धांगिनी के लिए अत्यंत सौभाग्य और गर्व का विषय है कि हमें इस पावन आयोजन में महादेव और शक्ति के स्वरूप को आत्मसात करने का अवसर प्रदान किया गया है। यह हमारे लिए केवल एक भूमिका नहीं, बल्कि ईश्वर के प्रति अपनी अगाध श्रद्धा प्रकट करने का एक माध्यम है।

इस वर्ष शिव-पार्वती विवाह को अत्यंत शास्त्रोक्त विधि से म्यूजिकल फेरों और शुद्ध वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ संपन्न कराया जाएगा। मंदिर समिति द्वारा भक्तों की सुविधा हेतु दो दिनों तक विशाल महाभंडारे का आयोजन किया गया है। क्षेत्र के हजारों श्रद्धालुओं के आगमन को देखते हुए स्वयंसेवकों की टीम मुस्तैदी से जुटी हुई है ताकि व्यवस्था सुचारू रहे।

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आदियोगी मंदिर का यह भव्य रूप और दिव्य आयोजन बसना क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान को एक नई ऊंचाई प्रदान कर रहा है।

Richa Sahay

ऋचा सहाय — पत्रकारिता और न्याय जगत की एक सशक्त आवाज़, जिनका अनुभव दोनों क्षेत्रों में अद्वितीय है। वर्तमान में The 4th Pillar की वरिष्ठ समाचार संपादक के रूप में कार्यरत ऋचा सहाय दशकों से राजनीति, समाज, खेल, व्यापार और क्राइम जैसी विविध विषयों पर बेबाक, तथ्यपूर्ण और संवेदनशील लेखन के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी की सबसे खास बात है – जटिल मुद्दों को सरल, सुबोध भाषा में इस तरह प्रस्तुत करना कि पाठक हर पहलू को सहजता से समझ सकें।पत्रकारिता के साथ-साथ ऋचा सहाय एक प्रतिष्ठित वकील भी हैं। LLB और MA Political Science की डिग्री के साथ, उन्होंने क्राइम मामलों में गहरी न्यायिक समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण स्थापित किया है। उनके अनुभव की गहराई न केवल अदालतों की बहसों में दिखाई देती है, बल्कि पत्रकारिता में उनके दृष्टिकोण को भी प्रभावशाली बनाती है।दोनों क्षेत्रों में वर्षों की तपस्या और सेवा ने ऋचा सहाय को एक ऐसा व्यक्तित्व बना दिया है जो ज्ञान, निडरता और संवेदनशीलता का प्रेरक संगम है।

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