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छत्तीसगढ़ के 5 जिलों में राईस मिलों पर बड़ी कार्रवाई,भारी गड़बड़ी मिलने पर हुई सील



छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में धान खरीदी जोरों पर चल रही है. इस बीच प्रदेश में राजधानी रायपुर सहित 5 जिलों में खाद्य विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है. इनमें से दो जिलों की मिल को सील कर दिया है, जबकि बाकी जगह जांच चल रही है, यहां से धान-चावल भी जब्त किए गए हैं.इस कार्रवाई के बाद प्रदेशभर की राईस मिल संचालकों में हड़कंप मच गया है.

दरअसल प्रदेश में धान की खरीदी और उठाव का काम जोरों पर चल रहा है. इस बीच अलग-अलग जिलों में खाद्य विभाग की टीम को सूचना मिली थी कि राईस मिलों में भारी अनियमितता बरती जा रही है. इसके बाद जिलों में खाद्य विभाग की टीम ने औचक निरीक्षण का अभियान चलाया. इस दौरान कई राईस मिलों में गड़बड़ी पाए जाने पर कार्रवाई करते हुए मिल परिसरों को सील कर दिया गया है. साथ ही धान और चावल भी जब्त किए गए हैं. इस कार्रवाई के बाद जिलों में हड़कंप मच गया है. विभाग की टीम ने राजधानी रायपुर, गरियाबंद और महासमुंद जिले में कार्रवाई की है.

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रायपुर जिले में कार्रवाई

रायपुर जिले में आर.टी. राईस मिल (प्रो. प्रमोद जैन) का निरीक्षण किया गया. जहां खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 के तहत कस्टम मिलिंग के लिए पंजीयन कराने के बावजूद अनुमति और अनुबंध का निष्पादन नहीं किया गया था. सरकारी धान का उठाव नहीं हो रहा था.

निरीक्षण के दौरान 390 क्विंटल उसना चावल और 1200 क्विंटल धान फ्री सेल प्रयोजन के लिए पाया गया, जो छत्तीसगढ़ कस्टम मिलिंग चावल उपार्जन आदेश, 2016 का उल्लंघन है.

गौरी राईस मिल में अनियमितता

रायपुर में ही गौरी राईस मिल (प्रो. मुकेश अग्रवाल) में भी गंभीर अनियमितताएं पाई गईं. खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 के अनुबंध के तहत भारतीय खाद्य निगम में जमा किए जाने वाले 2272 क्विंटल चावल के मुकाबले केवल 872 क्विंटल चावल ही मिल में पाया गया. इसके अलावा खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 के लिए अनुबंध निष्पादित करने के बावजूद शासकीय धान का उठाव नहीं किया गया. छत्तीसगढ़ कस्टम मिलिंग आदेश 2016 के उल्लंघन के चलते टीम ने मिल को सील कर दिया.

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इसी प्रकार गरियाबंद जिले के दातान राईस मिल (प्रो. गफ्फु मेनन) में निरीक्षण के दौरान शासकीय धान और चावल के स्टॉक में कमी पाई गई. जिला खाद्य अधिकारी और जिला विपणन अधिकारी ने मौके पर कार्रवाई करते हुए मिल को सील कर दिया.

इसके अलावा महासमुंद जिले में श्रीवास्तव राईस मिल, नारायण राईस मिल, माँ लक्ष्मी राईस मिल, धमतरी जिले में आकांक्षा राईस मिल और राजनांदगांव जिले में अतुल राईस मिल पर जांच टीम ने दबिश दी, इन मिलों में भी नियमानुसार जांच की जा रही है. खाद्य विभाग के सीनियर अफसरों का कहना है कि धान के उठाव और कस्टम मिलिंग में लापरवाही बरतने वाले राईस मिलर के खिलाफ जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी.

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Richa Sahay

ऋचा सहाय — पत्रकारिता और न्याय जगत की एक सशक्त आवाज़, जिनका अनुभव दोनों क्षेत्रों में अद्वितीय है। वर्तमान में The 4th Pillar की वरिष्ठ समाचार संपादक के रूप में कार्यरत ऋचा सहाय दशकों से राजनीति, समाज, खेल, व्यापार और क्राइम जैसी विविध विषयों पर बेबाक, तथ्यपूर्ण और संवेदनशील लेखन के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी की सबसे खास बात है – जटिल मुद्दों को सरल, सुबोध भाषा में इस तरह प्रस्तुत करना कि पाठक हर पहलू को सहजता से समझ सकें।पत्रकारिता के साथ-साथ ऋचा सहाय एक प्रतिष्ठित वकील भी हैं। LLB और MA Political Science की डिग्री के साथ, उन्होंने क्राइम मामलों में गहरी न्यायिक समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण स्थापित किया है। उनके अनुभव की गहराई न केवल अदालतों की बहसों में दिखाई देती है, बल्कि पत्रकारिता में उनके दृष्टिकोण को भी प्रभावशाली बनाती है।दोनों क्षेत्रों में वर्षों की तपस्या और सेवा ने ऋचा सहाय को एक ऐसा व्यक्तित्व बना दिया है जो ज्ञान, निडरता और संवेदनशीलता का प्रेरक संगम है।

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