रायपुर में 8 लाख से अधिक के गांजे के साथ अंतर्राज्यीय महिला तस्कर गिरफ्तार, बस स्टैंड के पास बिछाया जाल
मुखबिर की सटीक सूचना पर महिला पुलिस की मौजूदगी में तलाशी, 16.434 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद।

रायपुर । मुख्यमंत्री के ‘नशामुक्त छत्तीसगढ़’ विजन को धरातल पर उतारते हुए रायपुर पुलिस ने नशे के अवैध सौदागरों के खिलाफ एक और बड़ी और निर्णायक सफलता हासिल की है। पुलिस की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत थाना टिकरापारा पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए एक अंतर्राज्यीय महिला तस्कर को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। महिला के कब्जे से 16 किलोग्राम से अधिक अवैध मादक पदार्थ (गांजा) जब्त किया गया है, जिसकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 8,21,700 रुपये आंकी गई है।
पुलिस अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, 6 जून 2026 को टिकरापारा पुलिस को एक विश्वसनीय मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी। सूचना में बताया गया कि रावणभाठा मैदान, भाठागांव बस स्टैंड के पास एक संदिग्ध महिला भारी मात्रा में गांजा बेचने की फिराक में ग्राहक की तलाश कर रही है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) संदीप कुमार पटेल के निर्देश, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राहुल देव शर्मा एवं सहायक पुलिस आयुक्त नवनीत पाटिल के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी (निरीक्षक) राजेश कुमार मरई के नेतृत्व में तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और मुखबिर के बताए हुलिए के आधार पर संदेही महिला को हिरासत में लिया। कानूनी प्रावधानों का पालन करते हुए महिला पुलिस अधिकारी की उपस्थिति में जब उसकी विधिवत तलाशी ली गई, तो उसके पास से 16.434 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद हुआ।
पुलिस की गिरफ्त में आई आरोपिया की पहचान 40 वर्षीय पूजा देवी सोनकर (पति शम्भू सोनकर) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से ग्राम चकरा, थाना राजगढ़, जिला गोरखपुर (उत्तर प्रदेश) की रहने वाली है।
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपिया ने स्वीकार किया कि वह इस प्रतिबंधित मादक पदार्थ को उड़ीसा से तस्करी कर ला रही थी और इसे उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों में ऊंचे दामों पर खपाने की योजना थी। रायपुर को उसने केवल एक ट्रांजिट पॉइंट की तरह इस्तेमाल करने की कोशिश की थी।
पुलिस ने अवैध मादक पदार्थ को जब्त कर आरोपिया के खिलाफ थाना टिकरापारा में अपराध क्रमांक 501/2026, धारा 20(बी) NDPS Act 1985 के तहत गैर-जमानती अपराध पंजीबद्ध किया है।
पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) श्री संदीप कुमार पटेल ने सख्त लहजे में कहा कि रायपुर पुलिस युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले “नशे के सौदागरों” के खिलाफ एक निर्णायक युद्ध लड़ रही है। उन्होंने बताया कि शहर के प्रवेश द्वारों, बस स्टैंडों, रेलवे स्टेशनों और विशेष रूप से शैक्षणिक संस्थानों के आसपास पुलिस की खुफिया निगरानी बढ़ा दी गई है। आने वाले दिनों में इस अभियान को और अधिक आक्रामक व तेज किया जाएगा।
प्रशासन ने आम नागरिकों से इस अभियान में भागीदार बनने का आह्वान किया है। रायपुर पुलिस ने अपील की है कि यदि किसी भी नागरिक को अपने आसपास सूखे या गीले नशे के अवैध कारोबार, भंडारण या परिवहन की जानकारी मिलती है, तो वे तुरंत डायल-112, नजदीकी थाने या “सिटीजन कॉप” (Citizen Cop) ऐप के माध्यम से सूचना दें। पुलिस ने आश्वस्त किया है कि सूचना देने वाले सजग नागरिक की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी।
आइए, हम सब मिलकर अपनी जिम्मेदारी निभाएं और रायपुर को नशामुक्त बनाएं।



