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महाप्रभु श्री जगन्नाथ के मौसी माता मंदिर आगमन से भक्तिमय हुआ रायपुर, रात्रि आरती में शामिल हुए प्रदेश के गणमान्य अतिथि

सनातन परंपरा के अनुसार भगवान श्री जगन्नाथ अपने भक्तों का स्नेह स्वीकार करते हुए नौ दिनों तक मौसी माता के घर विराजमान रहते हैं।







रायपुर। श्री जगन्नाथ सेवा समिति, गायत्री नगर (शंकर नगर), रायपुर द्वारा आयोजित श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव के अंतर्गत भगवान श्री जगन्नाथ, भगवान बलभद्र एवं माँ देवी सुभद्रा की भव्य रथयात्रा के उपरांत महाप्रभु अपने पारंपरिक विश्राम स्थल मौसी माता मंदिर पहुँचे। सनातन परंपरा के अनुसार भगवान श्री जगन्नाथ अपने भक्तों का स्नेह स्वीकार करते हुए नौ दिनों तक मौसी माता के घर विराजमान रहते हैं। इस अवधि में श्रद्धालुओं को भगवान के निकट दर्शन का दुर्लभ अवसर प्राप्त होता है और बड़ी संख्या में भक्त प्रतिदिन दर्शन, पूजा-अर्चना एवं आरती में सम्मिलित होकर स्वयं को धन्य मानते हैं।

मौसी माता मंदिर भगवान श्री जगन्नाथ की उस दिव्य लीला का प्रतीक है, जिसमें वे वर्ष में एक बार अपने भक्तों के बीच नगर भ्रमण करते हुए अपनी मौसी के घर पधारते हैं। यह परंपरा केवल धार्मिक आस्था का ही नहीं, बल्कि प्रेम, अपनत्व, सेवा और लोककल्याण का भी संदेश देती है। मान्यता है कि मौसी माता के घर भगवान का विश्राम समस्त भक्तों के जीवन में सुख, समृद्धि एवं मंगल का संचार करता है।

गायत्री नगर स्थित मौसी माता मंदिर परिसर में सायंकाल आयोजित रात्रि आरती अत्यंत श्रद्धा, भक्ति एवं आध्यात्मिक वातावरण के बीच संपन्न हुई। भजन-कीर्तन, शंखध्वनि, घंटों की मधुर अनुगूंज तथा जय जगन्नाथ के उद्घोष से पूरा परिसर भक्तिमय हो उठा। हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान श्री जगन्नाथ के दर्शन कर आरती में सहभागिता निभाई तथा महाप्रभु से प्रदेश एवं राष्ट्र की सुख-समृद्धि, शांति और जनकल्याण की प्रार्थना की।

इस अवसर पर श्री जगन्नाथ सेवा समिति के अध्यक्ष एवं उत्तर विधानसभा क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक पुरन्दर मिश्रा ने कहा कि भगवान श्री जगन्नाथ की रथयात्रा समरसता, सेवा, समानता और लोकमंगल का महापर्व है। महाप्रभु का मौसी माता के घर आगमन यह संदेश देता है कि ईश्वर अपने प्रत्येक भक्त के घर और हृदय में समान भाव से विराजमान होते हैं। उन्होंने कहा कि रायपुर में यह आयोजन वर्षों से सामाजिक सद्भाव, सांस्कृतिक गौरव और सनातन परंपराओं के संरक्षण का सशक्त माध्यम बना हुआ है। समिति का प्रयास है कि आने वाली पीढ़ियाँ भी इस गौरवशाली परंपरा से जुड़ें और भारतीय संस्कृति के मूल्यों को आत्मसात करें।

महाआरती के शुभ अवसर पर छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री राम विचार नेताम सपरिवार सहित, कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक, रायपुर ग्रामीण विधायक मोतीलाल साहू, पूर्व सांसद एवं दक्षिण विधायक सुनील सोनी, विधायक रोहित साहू, दंतेवाड़ा विधायक चैतराम अटानी, धरसींवा विधायक अनुज शर्मा, छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम सपरिवार सहित, पूर्व पुलिस महानिदेशक डी.एस. अवस्थी, रायपुर पुलिस आयुक्त संजीव शुक्ला, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत प्रचारक अभय राम, प्रांत प्रचारक टोप लाल वर्मा सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता एवं हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे।

समिति द्वारा सभी अतिथियों का भगवान श्री जगन्नाथ का स्मृति प्रसाद एवं अंगवस्त्र भेंट कर आत्मीय स्वागत किया गया। आयोजन की सुव्यवस्थित व्यवस्था, अनुशासित संचालन एवं भक्तिमय वातावरण की सभी उपस्थित अतिथियों ने सराहना की। श्री जगन्नाथ सेवा समिति ने सभी श्रद्धालुओं से आगामी बाहुड़ा यात्रा एवं अन्य धार्मिक आयोजनों में भी अधिक से अधिक संख्या में सहभागी बनने का आग्रह किया।

Richa Sahay

ऋचा सहाय — पत्रकारिता और न्याय जगत की एक सशक्त आवाज़, जिनका अनुभव दोनों क्षेत्रों में अद्वितीय है। वर्तमान में The 4th Pillar की वरिष्ठ समाचार संपादक के रूप में कार्यरत ऋचा सहाय दशकों से राजनीति, समाज, खेल, व्यापार और क्राइम जैसी विविध विषयों पर बेबाक, तथ्यपूर्ण और संवेदनशील लेखन के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी की सबसे खास बात है – जटिल मुद्दों को सरल, सुबोध भाषा में इस तरह प्रस्तुत करना कि पाठक हर पहलू को सहजता से समझ सकें।पत्रकारिता के साथ-साथ ऋचा सहाय एक प्रतिष्ठित वकील भी हैं। LLB और MA Political Science की डिग्री के साथ, उन्होंने क्राइम मामलों में गहरी न्यायिक समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण स्थापित किया है। उनके अनुभव की गहराई न केवल अदालतों की बहसों में दिखाई देती है, बल्कि पत्रकारिता में उनके दृष्टिकोण को भी प्रभावशाली बनाती है।दोनों क्षेत्रों में वर्षों की तपस्या और सेवा ने ऋचा सहाय को एक ऐसा व्यक्तित्व बना दिया है जो ज्ञान, निडरता और संवेदनशीलता का प्रेरक संगम है।

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