राजिम कुंभ कल्प 2026: संभागायुक्त महादेव कावरे ने तैयारियों की कमान संभाली, समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश
त्रिवेणी संगम पर बनेगा हाईटेक कंट्रोल रूम और कनेक्टिंग रोड; तीन जिलों के प्रशासनिक अमले को आपसी समन्वय के साथ जुटने के निर्देश।

रायपुर। छत्तीसगढ़ के प्रयाग राजिम में आयोजित होने वाले ‘राजिम कुंभ कल्प 2026’ की तैयारियां प्रशासनिक स्तर पर तेज हो गई हैं। रायपुर संभागायुक्त महादेव कावरे ने राजिम सर्किट हाउस में रायपुर, धमतरी और गरियाबंद जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में संभागायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि मेला स्थल, कंट्रोल रूम और पार्किंग जैसी मूलभूत सुविधाओं का निर्माण कार्य शीघ्र अति शीघ्र पूर्ण किया जाए।
श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोपरि
संभागायुक्त कावरे ने बैठक के दौरान कहा कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी मेला भव्य और सुव्यवस्थित होना चाहिए। उन्होंने मुख्य मंच, विभागीय स्टॉल, मीना बाजार, फूड जोन और हेलीपैड की स्थापना के लिए विशेष दिशा-निर्देश दिए। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि बस स्टैंड से नए मेला स्थल तक श्रद्धालुओं के लिए विशेष बस व्यवस्था, एम्बुलेंस और पर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाओं का इंतजाम सुनिश्चित किया जाए।
विभागों को सौंपे गए विशेष दायित्व
संभागायुक्त ने तैयारियों की बारीकियों पर चर्चा करते हुए विभागों को जिम्मेदारी बांटी:
- लोक निर्माण एवं जल संसाधन: गंगा आरती स्थल से मेला स्थल तक कनेक्टिंग रोड और पाइपलाइन का विस्तार।
- वन विभाग: साधुओं के लिए कुटिया निर्माण हेतु घास, बांस-बल्ली और जलाऊ लकड़ी की उपलब्धता।
- पुलिस विभाग: पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी, हाईटेक कंट्रोल रूम और फायर ब्रिगेड की तैनाती।
- नगर निकाय: मेला क्षेत्र में साफ-सफाई, कचरा प्रबंधन और डस्टबिन की पर्याप्त व्यवस्था।
- विद्युत विभाग: हाईमास्ट लाइट, सजावट और लाइटिंग की व्यवस्था।
अधिकारियों ने किया जमीनी निरीक्षण
समीक्षा बैठक के पश्चात संभागायुक्त महादेव कावरे और गरियाबंद कलेक्टर बी.एस. उइके ने अधिकारियों के साथ नवीन मेला स्थल का सघन निरीक्षण किया। उन्होंने राजीव लोचन मंदिर, संत समागम स्थल और गंगा आरती घाट से मेला स्थल तक चल रहे निर्माण कार्यों की प्रगति देखी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि निर्माण कार्यों के दौरान श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन का विशेष ध्यान रखा जाए।
बैठक में रहे मौजूद
इस अवसर पर वनमंडलाधिकारी शशिगानंदन के., जिला पंचायत सीईओ प्रखर चंद्राकर, अपर कलेक्टर पवन प्रेमी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जितेंद्र चंद्राकर, एसडीएम विशाल महाराणा सहित लोक निर्माण, पीएचई और संस्कृति विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।



