पार्षद आकाश तिवारी ने कुबेर राठी के आयोजन को सराहा,कहा-नर सेवा ही नारायण सेवा का जीवंत उदाहरण है
नेता प्रतिपक्ष एवं पार्षद आकाश तिवारी ने स्वयं हाथों से वितरित किया प्रसाद, समाजसेवी कुबेर राठी की सेवाभावी पहल को बताया समाज के लिए प्रेरणा

रायपुर । राजधानी रायपुर का रेलवे स्टेशन न केवल यात्रियों के आवागमन का केंद्र है, बल्कि यह अटूट आस्था और मानवता की सेवा का भी साक्षी है। यहाँ स्थित ‘सर्व धर्म हनुमान मंदिर’ अपनी आध्यात्मिक महत्ता के लिए पूरे प्रदेश में विख्यात है। मान्यता है कि इस दक्षिण मुखी हनुमान मंदिर में जो भी भक्त सच्ची श्रद्धा से अपनी मुराद लेकर आता है, बजरंगबली उसकी झोली खुशियों से भर देते हैं।

इसी अटूट विश्वास और सेवा संकल्प की कड़ी में, समाजसेवी कुबेर राठी के नेतृत्व में वर्ष 2009 से प्रत्येक शनिवार को आयोजित होने वाला ‘महाभंडारा’ आज एक विशाल सेवा यज्ञ का रूप ले चुका है।

महाभंडारे के दौरान समाजसेवी कुबेर राठी भावुक नजर आए। उन्होंने अपनी सेवा भावना को प्रभु चरणों में समर्पित करते हुए कहा कि यह भगवान बजरंगबली की असीम कृपा है कि उन्होंने मुझे इस पुण्य कार्य के लिए एक माध्यम बनाया। यहाँ हर शनिवार 8,000 से 10,000 लोग प्रसाद ग्रहण करते हैं। जब मैं रेलवे स्टेशन पर रहने वाले निर्धन और मजदूरों को सम्मान के साथ कुर्सी-मेज पर बैठकर भोजन करते देखता हूँ, तो उनके चेहरे की मुस्कान मुझे आत्मिक शांति देती है। ऐसा लगता है जैसे साक्षात ईश्वर ने आशीर्वाद दे दिया हो।

नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष एवं पार्षद आकाश तिवारी ने समाजसेवी कुबेर राठी द्वारा आयोजित भंडारे में विशेष रूप से उपस्थिति दर्ज कराई। इस दौरान उन्होंने न केवल कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई, बल्कि स्वयं खड़े होकर श्रद्धापूर्वक भक्तजनों को प्रसाद का वितरण भी किया। इस नेक पहल की प्रशंसा करते हुए श्री तिवारी ने कहा कि समाजसेवी कुबेर राठी का यह प्रयास अत्यंत वंदनीय है। उन्होंने “अन्न दान ही महादान है” के मूल मंत्र को रेखांकित करते हुए कहा कि समाज के प्रति ऐसी संवेदनशीलता और सेवा भाव ही मानवता की सच्ची पहचान है। कुबेर राठी द्वारा निरंतर किए जा रहे ऐसे सेवा कार्य समाज के अन्य लोगों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत हैं।

महाभंडारे में आए श्रद्धालुओं और शहरवासियों के लिए कुबेर राठी किसी मसीहा से कम नहीं हैं। भंडारे में शामिल एक श्रद्धालु ने बताया कि कुबेर राठी जी का जैसा नाम है, भगवान ने उन्हें वैसा ही उदार हृदय दिया है। वे हमारे लिए किसी देवदूत से कम नहीं हैं। कई लोग यहाँ न केवल स्वयं तृप्त होते हैं, बल्कि घर पर मौजूद बुजुर्गों के लिए भी प्रसाद लेकर जाते हैं।
इस अवसर पर सर्व धर्म हनुमान मंदिर सेवा समिति के सभी पदाधिकारीगण,सदस्यगण सहित भारी संख्या मे श्रद्धालुगण उपस्थित रहे।



