बजट 2026-27 चेंबर “संवाद”:छत्तीसगढ़ महिला चेंबर ने उठाई हुंकार, महिला उद्यमियों के लिए माँगा 25 लाख तक का बिना गारंटी ऋण
शहरी क्षेत्रों में 'SHE-Marts' और सुरक्षा के लिए विशेष फंड पर जोर।

रायपुर । छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के प्रदेश अध्यक्ष सतीश थौरानी के कुशल मार्गदर्शन में आज राजधानी के चौ. देवीलाल व्यापार उद्योग भवन में एक महत्वपूर्ण प्री-बजट सत्र ”संवाद” का आयोजन किया गया। इस सत्र में महिला चेंबर की पदाधिकारियों और महिला पत्रकारों के बीच आगामी बजट 2026-27 को लेकर गहन चर्चा हुई, जिसमें महिला उद्यमियों की प्रगति के लिए कई क्रांतिकारी मांगों का प्रस्ताव रखा गया।
वित्तीय सशक्तिकरण और ऋण सुलभता
महिला चेंबर की प्रदेश अध्यक्ष डॉ. ईला गुप्ता ने बजट प्रस्तावों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महिला उद्यमिता को नई उड़ान देने के लिए वित्तीय बाधाओं को दूर करना आवश्यक है। चेंबर ने मांग की है कि:
- व्यापारिक परियोजनाओं के लिए ऋण सीमा 10 लाख से बढ़ाकर 25 लाख और सेवा क्षेत्र के लिए 50 लाख की जाए।
- महतारी शक्ति ऋण योजना के तहत सूक्ष्म महिला व्यापारियों के लिए बिना गारंटी ऋण की सीमा 1 लाख की जाए।
- महिला उद्यमियों को ब्याज पर 65-75% तक का विशेष अनुदान मिलना चाहिए।
कर राहत और बुनियादी ढांचा
व्यापार की लागत कम करने के लिए चेंबर ने नए उद्योगों को 10-12 वर्षों तक बिजली शुल्क से मुक्त रखने और SGST रिइम्बर्समेंट प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने का सुझाव दिया है। साथ ही, रायपुर, भिलाई और बिलासपुर जैसे प्रमुख शहरों में ‘विशेष महिला औद्योगिक पार्क’ की स्थापना और शहरी क्षेत्रों में ‘SHE & Marts’ के विस्तार की मांग प्रमुखता से उठाई गई।
डिजिटल क्रांति और सुरक्षा पर जोर
प्रदेश अध्यक्ष डॉ. ईला गुप्ता ने कहा कि बदलते दौर के साथ महिला व्यापारियों को ONDC (डिजिटल कॉमर्स) प्लेटफॉर्म पर लाने के लिए विशेष लॉजिस्टिक्स अनुदान और गुणवत्ता प्रमाणन (ISO/AGMARK) पर 80% सब्सिडी की मांग की गई है। महिला सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए, नाइट शिफ्ट में काम करने वाली महिलाओं के लिए ‘सुरक्षा फंड’ (CCTV और परिवहन हेतु) बनाने का प्रस्ताव भी रखा गया।
गरिमामयी उपस्थिति
इस संवाद सत्र में महिला चेंबर की मुख्य टीम सहित कई दिग्गज पदाधिकारी उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से डॉ. ईला गुप्ता (अध्यक्ष), मनीषा तारवानी (महामंत्री), नम्रता अग्रवाल (कोषाध्यक्ष), और चेंबर प्रभारी तिलोकचंद बरड़िया मौजूद थे। साथ ही कार्यकारिणी सदस्य मंजुषा पटले, मधुबाला सिंह, आभा मिश्रा, और विभिन्न विभागों की सलाहकारों सहित चेम्बर के वरिष्ठ पदाधिकारी अमर गिदवानी, चेतन तरवानी और जसप्रीत सिंह सलूजा ने भी अपने विचार साझा किए।



