Panchang: आज का दिन विशेष; अजा एकादशी की पुण्य तिथि पर जानिए शुभ-अशुभ समय और धार्मिक महत्व

राहुकाल में क्यों वर्जित हैं शुभ कार्य, और अजा एकादशी पर कैसे प्राप्त करें मोक्ष और विष्णु कृपा






राहुकाल क्या होता है और क्यों इससे बचना चाहिए

राहुकाल वैदिक ज्योतिष का एक दैनिक अशुभ समय होता है, जो ग्रह राहु के प्रभाव से जुड़ा है। यह काल भ्रम, विघ्न और अनिश्चितता का सूचक माना जाता है।

इस समय कोई भी शुभ कार्य जैसे विवाह, यात्रा, निवेश, या पूजा आरंभ नहीं करनी चाहिए, क्योंकि राहु की तामसिक ऊर्जा कार्यों में बाधा उत्पन्न कर सकती है।


आज का राहुकाल (मंगलवार, 19 अगस्त 2025)

समयखंडअवधि
राहुकाल03:41 PM – 05:16 PM
गुलिक काल12:30 PM – 02:05 PM
यमगण्ड काल09:19 AM – 10:55 AM

राहुकाल में क्या न करें:

  • नया कार्य शुरू न करें
  • यात्रा, खरीदारी, निवेश से बचें
  • पूजा या धार्मिक अनुष्ठान आरंभ न करें

राहुकाल में क्या करें:

  • राहु शांति मंत्रों का जाप
  • ध्यान, मौन साधना
  • पुराने कार्यों की समीक्षा

आज के शुभ मुहूर्त

मुहूर्तसमय
ब्रह्म मुहूर्त04:32 AM – 05:20 AM
अभिजीत मुहूर्त12:04 PM – 12:50 PM
अमृत काल03:34 PM – 05:06 PM
विजय मुहूर्त02:18 PM – 03:10 PM
गोधूलि मुहूर्त06:40 PM – 07:00 PM

इन समयों में करें:

  • पूजा, व्रत, संकल्प
  • निवेश, खरीदारी
  • यात्रा या नया कार्य आरंभ

आज का पंचांग

तत्वविवरण
वारमंगलवार
तिथिकृष्ण पक्ष एकादशी (03:32 PM तक), फिर द्वादशी
नक्षत्रआर्द्रा (02:06 AM तक), फिर पुनर्वसु
योगवज्र (08:29 PM तक), फिर सिद्धि
चंद्रमामिथुन राशि में
सूर्योदय06:08 AM
सूर्यास्त06:52 PM
हिंदू मासश्रावण (अमान्त), भाद्रपद (पूर्णिमांत)
संवत्सरविक्रम संवत 2082, शक संवत 1947

धार्मिक महत्व: अजा एकादशी व्रत

व्रत की तिथि:

  • एकादशी आरंभ: 18 अगस्त, 05:22 PM
  • एकादशी समाप्त: 19 अगस्त, 03:32 PM
  • व्रत पारण: 20 अगस्त, 05:53 AM – 08:29 AM

महत्व:

  • भगवान विष्णु को समर्पित
  • पापों से मुक्ति और मोक्ष की प्राप्ति
  • राजा हरिश्चंद्र ने इसी व्रत से खोया राज्य और पुत्र पुनः प्राप्त किया

व्रत विधि:

  • प्रातः स्नान कर पीले वस्त्र धारण करें
  • विष्णु सहस्रनाम, गीता पाठ करें
  • तुलसी पत्र से पूजा करें
  • रात्रि जागरण और भजन-कीर्तन करें
  • अगले दिन पारण से पूर्व दान करें

निष्कर्ष

आज का दिन आध्यात्मिक उन्नति और आत्मिक शुद्धि के लिए अत्यंत शुभ है। राहुकाल में सावधानी बरतें और शुभ मुहूर्तों का लाभ उठाकर अपने कार्यों को सफल बनाएं। अजा एकादशी का व्रत श्रद्धा और नियमपूर्वक करने से जीवन में सुख, शांति और मोक्ष की प्राप्ति संभव है।


Disclaimer: ऊपर दी गई जनकारी कि www.the4thpillar.live कोई पुष्टि नहीं करता है और उसके सत्य होने का कोई दवा भी नहीं करता है। ऊपर दी गई जनकारी आम सूचना पर आधारित है। पाठकों को यह हिदायतद जाती है कि वह अपने विवेक का इस्तेमाल करें।

Richa Sahay

ऋचा सहाय — पत्रकारिता और न्याय जगत की एक सशक्त आवाज़, जिनका अनुभव दोनों क्षेत्रों में अद्वितीय है। वर्तमान में The 4th Pillar की वरिष्ठ समाचार संपादक के रूप में कार्यरत ऋचा सहाय दशकों से राजनीति, समाज, खेल, व्यापार और क्राइम जैसी विविध विषयों पर बेबाक, तथ्यपूर्ण और संवेदनशील लेखन के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी की सबसे खास बात है – जटिल मुद्दों को सरल, सुबोध भाषा में इस तरह प्रस्तुत करना कि पाठक हर पहलू को सहजता से समझ सकें।पत्रकारिता के साथ-साथ ऋचा सहाय एक प्रतिष्ठित वकील भी हैं। LLB और MA Political Science की डिग्री के साथ, उन्होंने क्राइम मामलों में गहरी न्यायिक समझ और विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण स्थापित किया है। उनके अनुभव की गहराई न केवल अदालतों की बहसों में दिखाई देती है, बल्कि पत्रकारिता में उनके दृष्टिकोण को भी प्रभावशाली बनाती है।दोनों क्षेत्रों में वर्षों की तपस्या और सेवा ने ऋचा सहाय को एक ऐसा व्यक्तित्व बना दिया है जो ज्ञान, निडरता और संवेदनशीलता का प्रेरक संगम है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button