बड़ी खबर – वित्त मंत्री ने आज किया नए आर्थिक पैकेज का ऐलान

0
185

कोरोना महामारी से जूझ रही अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए सरकार ने आज फिर एक नए आर्थिक पैकेज का ऐलान किया है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कई ऐलान किए हैं.

1. क्रेडिट गारंटी स्कीम (Credit guarantee scheme) का ऐलान किया गया है, जो माइक्रो फाइनेंस लेंडिंग के जरिए दी जाएगी. इसका फायदा 25 लाख लोगों को होगा. इसकी कैपिंग MCLR प्लस 2 परसेंट होगी, यानी सामान्य लोन से ये सस्ता होगा. इस लोन की अवधि अधिकतम 3 साल की होगी. ये स्कीम बिल्कुल नई है. इसमें 1.25 लाख रुपये तक का कर्ज दिया जाएगा. इसमें 80 परसेंट लोन MFI की ओर से दिया जाएगा. हमारा फोकस नए कर्जों को देने पर है न कि पुराने लोन के रीपेमेंट पर.

2. टूरिज्म सेक्टर के लिए सरकार ने बड़ा ऐलान किया है, जिसके मुताबिक 11 हजार से ज्यादा रजिस्टर्ड टूरिस्ट, गाइड को इसका लाभ मिलेगा. इसमें 10,700 रीजनल लेवल के गाइड्स की पहचान सरकार की ओर से की गई है. इन्हें 100 परसेंट गारंटी के साथ लोन मुहैया कराया जाएगा. इसें 10 लाख का लोन प्रति ट्रैवल एंड टूरिज्म स्टेकहोल्डर्स को दिया जाएगा. 1 लाख का लोन टूरिस्ट गाइड को दिया जाएगा. इसमें किसी तरह का कोई प्रोसेसिंग चार्ज, प्रीपेमेंट चार्ज नहीं वसूला जाएगा.

3. 2019 में 10.93 मिलियन टूरिस्ट भारत आए थे. 30.098 बिलियन डॉलर उन्होंने खर्च किए थे. सरकार जब वीसा जारी करने की प्रक्रिया शुरू होगी, तब 5 लाख टूरिस्ट वीजा फ्री में जारी करेगी. ये स्कीम 31 मार्च 2022 तक चलेगी या फिर जबतक 5 लाख वीजा खत्म नहीं हो जाते. इस पर सरकार 100 करोड़ रुपये खर्च करेगी

4. सरकार ने आत्मनिर्भर भारत योजना को आगे बढ़ा दिया है. इस योजना को पिछले साल 1 अक्टूबर 2020 को लॉन्च किया गया था. इस योजना का मकसद कंपनियों और नौकरीपेशा लोगों और जिनकी नौकरी चली गई है, उनकी मदद करना था. 58.50 लाख लाभार्थियों के लिए 22,810 करोड़ रुपये की योजना का मंजूरी दे चुके हैं. इस योजना के लिए रजिस्ट्रेशन की अंतिम तारीख 30 जून, 2021 है.

5. इस योजना के तहत 15,000 से कम सैलरी पाने वाले नए कर्मचारियों को दो साल तक सब्सिडी दी जाएगी. इसमें कर्मचारियों और कंपनी का कुल योगदान यानी 24 परसेंट सरकार देगी. इस स्कीम को बढ़ाकर अब 31 मार्च 2022 तक कर दिया गया है.

6. सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना को भी आगे बढ़ा दिया है. 26 मार्च, 2020 को लॉन्च किया गया था. ये स्कीम कोरोना की वजह से परेशानी में आए गरीब लोगों को उबारने के लिए लाई गई थी. वित्त वर्ष 2020-21 में इस स्कीम की लागत 133972 करोड़ रुपये थी. कोरोना महामारी की दूसरी लहर के बीच इस स्कीम को मई 2021 में फिर से लॉन्च किया गया. इस स्कीम के जरिए गरीबों को 5 किलोग्राम मुफ्त अनाज दिया जाता है. इस स्कीम का फायदा अब नवंबर 2021 तक मिलता रहेगा. इस स्कीम पर अब अतिरिक्त 93869 करोड़ रुपये का बोझ और पडे़गा जिससे इस योजना की कुल लागत अब 227841 करोड़ रुपये हो जाएगी.

7. सरकार ने स्वास्थ्य पर 23,220 करोड़ रुपये और खर्च करने का ऐलान किया है. 15,000 करोड़ रुपये इमरजेंसी हेल्थ सिस्टम (2020-21) पर खर्च हुए, जिससे कोविड डेडिकेटेड अस्पतालों की संख्या में 25 गुना बढ़ोतरी हुई, 7929 कोविड हेल्थ सेंटर्स खोले गए, 9954 कोविड केयर सेंटर्स खोले गए. 7.5 गुना ऑक्सीजन सपोर्ट बेड की व्यवस्था की गई. आइसोलेशन बेड्स की संख्या में 42 गुना इजाफा हुआ. ICU बेड्स की संख्या 45 गुना बढ़ी.

8. सरकार ने एक्सपोर्ट सेक्टर के लिए भी बड़ा ऐलान किया है. एक्सपोर्ट क्रेडिट गारंटी कॉर्पेरेशन एक्सपोर्ट्स को क्रेडिट इंश्योरेंस कवर के जरिए प्रमोट करता है. सरकार ECGC में 5 सालों के लिए 88,000 करोड़ रुपये डालने का ऐलान करती है. जिससे एक्सपोर्ट इंश्योरेंस कवर को बढ़ावा दिया जा सके.