मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता गिरफ्तारी के बाद थाने में टेबल पर खाना खाते दिखे, सोशल मीडिया पर हो रही तस्वीरें वायरल

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रायपुर । मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंद कुमार बघेल को ब्राह्मणों पर विवादास्पद टिप्पणी करने के आरोप में मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया गया।

मुख्यमंत्री का पिता होने के बावजूद गिरफ्तारी होने के चलते सोशल मीडिया पर लोग काफी तारीफ कर रहे हैं, लेकिन इस बीच ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जिसने चर्चा का रुख मोड़ दिया।दरअसल, गिरफ्तार करने के बाद थाने ले जाए गए नंद कुमार बघेल को पुलिस वालों ने खाना परोसा, जिस पर अब हंगामा मच गया है। भूपेश बघेल को थाने में इंस्पेक्टर की मेज पर खाना परोसा गया।

टेबल पर खाना खाते हुए सामने आईं नंद कुमार बघेल की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गई हैं। तस्वीर में नंद कुमार बघेल कुर्सी पर बैठकर टेबल पर खाना रखकर आराम से खा रहे हैं। दावा है कि यह तस्वीर उनकी गिरफ्तारी के बाद तब की है, जब उन्हें थाने ले जाया गया। तस्वीर के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर यूजर्स दो धड़ों में बंट गए. एक तरफ के यूजर्स इसे गलत बता रहे हैं, जबकि कुछ उनकी उम्र को देखते हुए इसे जायज ठहराने की कोशिश कर रहे हैं।

15 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजे गए सीएम के पिता

विवादित बयान के बाद गिरफ्तार किए गए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंद कुमार बघेल को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें 15 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। नंद कुमार बघेल पर कथित रूप से ब्राह्रणों के खिलाफ बयान देने का आरोप है। रायपुर पुलिस ने उनकी गिरफ्तारी के बाद कोर्ट में पेश किया. इससे पहले, उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी और खुद मुख्यमंत्री ने कहा था कि कोई भी कानून से ऊपर नहीं है।

रायपुर के डीडी नगर थाने में दर्ज हुई थी एफआईआर

86 वर्षीय नंद कुमार बघेल के खिलाफ रायपुर के डीडी नगर थाने में एफआईआर दर्ज करवाई गई थी। आरोप लगाया गया है कि नंद कुमार ने ब्राह्रणों को बाहरी (विदेशी) बताया है। एक कार्यक्रम के दौरान नंद कुमार बघेल ने कथित तौर पर कहा था कि ब्राह्मण विदेशी है. उन्हें गंगा से वोल्गा भेज देंगे। ब्राह्मण या तो सुधर जाएं या वोल्गा जाने के लिए तैयार हो जाएं। डीडी नगर थाना प्रभारी योगिता खापरडे ने बताया था कि नंद कुमार बघेल के बयान पर ब्राह्मण समाज ने आपत्ति दर्ज कराई थी और समाज में द्वेष पैदा करने का आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत की थी, जिसके बाद डीडी नगर थाने में आईपीसी की धारा 505 और 153 के तहत एफआईआर दर्ज की गई।