श्रद्धा और सेवा का महासंगम: कुबेर राठी का ‘अन्नपूर्णा’ संकल्प, मुख्यमंत्री के जन्मोत्सव पर अस्पतालों में सेवा का श्रीगणेश
मुख्यमंत्री के जन्मोत्सव पर अस्पतालों में सेवा का श्रीगणेश; वर्ष 2009 से प्रज्वलित सेवा की अखंड ज्योति अब बनी मरीजों का संबल

रायपुर। भारतवर्ष की इस पावन धरा पर आदिकाल से ही ‘अतिथि देवो भव:’ और ‘अन्न दान’ को सर्वश्रेष्ठ धर्म माना गया है। इसी सनातन परंपरा का निर्वहन करते हुए, राजधानी रायपुर के प्रख्यात समाजसेवी कुबेर राठी और सर्वधर्म संकटमोचन हनुमान मंदिर समिति ने मानवता की सेवा का एक ऐसा कीर्तिमान स्थापित किया है, जो श्रद्धा और समर्पण की नई परिभाषा गढ़ रहा है।

आध्यात्मिक ऊर्जा के साथ सेवा का अनुष्ठान
स्टेशन रोड, नर्मदापारा स्थित प्राचीन सिद्ध सर्वधर्म संकटमोचन हनुमान मंदिर में शनिवार की भोर एक नई आध्यात्मिक ऊर्जा के साथ हुई। अवसर था प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के जन्मदिवस का। मुख्यमंत्री की दीर्घायु, उत्तम स्वास्थ्य और मंगलमय जीवन की कामना हेतु बजरंगबली के चरणों में विशेष पूजन-अर्चन और महाआरती का आयोजन किया गया।

इसी पावन घड़ी में समाजसेवी कुबेर राठी ने एक युगांतकारी घोषणा की। उन्होंने संकल्प लिया कि मंदिर परिसर में वर्ष 2009 से निरंतर चल रही ‘अखंड भंडारा सेवा’ का विस्तार अब रायपुर के प्रमुख चिकित्सालयों मेकाहारा (Mekahara), DKS और एम्स (AIIMS) तक किया जाएगा।
’अन्नपूर्णा’ संकल्प: सेवा का नया सोपान
इस गरिमामयी अवसर पर शहर जिला भाजपा अध्यक्ष रमेश ठाकुर और भाजपा प्रवक्ता राजकुमार राठी ने विशेष रूप से सहभागिता की। पूजा अर्चना के साथ साथ भंडारे का वितरण किया ।

शहर जिला भाजपा रमेश ठाकुर ने कुबेर राठी के समर्पित व्यक्तित्व की सराहना करते हुए कहा कि कुबेर राठी सेवा के सच्चे संवाहक हैं। राजनीति और समाजनीति से ऊपर उठकर नर-सेवा को नारायण-सेवा मानना ही उनकी पहचान है। अस्पतालों में प्रसाद वितरण का यह निर्णय निर्धन और असहाय परिवारों के लिए संबल बनेगा।
भाजपा प्रवक्ता राजकुमार राठी ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को जन्मदिन की बधाई देते हुए उन्होंने कहा कि जब नेतृत्व जनहितकारी हो और समाज का हर वर्ग उनके लिए प्रार्थना करे, तो प्रदेश का विकास सुनिश्चित है। कुबेर राठी जी का यह अभियान मुख्यमंत्री के ‘अंत्योदय’ के सपने को साकार करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

स्वर्ग के सुख से ऊपर है आत्मिक संतोष-कुबेर राठी
परोपकारी समाजसेवी कुबेर राठी ने मुख्यमंत्री को अशेष शुभकामनाएं प्रेषित करते हुए अत्यंत विनम्र भाव से अपनी श्रद्धा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रभु बजरंगबली की असीम अनुकंपा है कि उन्होंने मुझे 2009 से इस सेवा का निमित्त बनाया है। शास्त्रों में ‘अन्न दान’ को महादान कहा गया है। जब कोई भूखा व्यक्ति तृप्त होकर प्रसाद ग्रहण करता है, तो उससे प्राप्त होने वाला आत्मिक संतोष स्वर्ग के सुख से भी ऊपर है। हमारा एकमात्र उद्देश्य है कि इलाज के लिए आए किसी भी व्यक्ति या उनके परिजनों को भोजन के लिए दर-दर भटकना न पड़े।
दूर-दराज से आए लोगों के लिए बनेगा वरदान
समिति के सदस्यों ने जानकारी दी कि अब शनिवार के नियमित भंडारे के साथ-साथ मेकाहारा, DKS और एम्स जैसे विशाल चिकित्सा परिसरों में भी नियमित रूप से सात्विक प्रसाद वितरण का कार्य पूरी भक्ति और सुव्यवस्थित ढंग से किया जाएगा।

यह पहल उन हजारों लोगों के लिए वरदान साबित होगी जो छत्तीसगढ़ के सुदूर वनांचलों और पड़ोसी राज्यों से अपने परिजनों के उपचार के लिए रायपुर आते हैं और आर्थिक व मानसिक तनाव के बीच भोजन जैसी मूलभूत आवश्यकता के लिए संघर्ष करते हैं।
एक संकल्प, जो मानवता की राह रोशन कर रहा है।



